Smriti Irani Chhattisgarh Visit: रायपुर। छत्तीसगढ़ में साल 2028 के विधानसभा चुनाव को लेकर भाजपा ने अभी से तैयारी शुरू कर दी है। इसी सिलसिले में छत्तीसगढ़ भाजपा की नई प्रभारी स्मृति ईरानी 25 और 26 अक्टूबर को रायपुर के दौरे पर रहेंगी। इस दौरान वे पार्टी के सांसदों, विधायकों और संगठन के पदाधिकारियों के साथ बैठक करेंगी। बैठकों में पार्टी की तैयारियों पर चर्चा होगी और नेताओं से फीडबैक भी लिया जाएगा।
भाजपा विधायक पुरंदर मिश्रा ने यह जानकारी मीडिया से बातचीत के दौरान दी। उन्होंने बताया कि स्मृति ईरानी अपने दौरे में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से अलग-अलग मुलाकात भी करेंगी। माना जा रहा है कि इन बैठकों के जरिए संगठन की स्थिति और आने वाले चुनाव की तैयारियों का जायजा लिया जाएगा। इसके साथ ही प्रदेश के 60 से ज्यादा पूर्व सांसदों और विधायकों को संगठन में नई जिम्मेदारी दिए जाने की संभावना भी जताई गई है।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू भी आएंगी छत्तीसगढ़
पुरंदर मिश्रा ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के छत्तीसगढ़ दौरे की जानकारी भी दी। उनके मुताबिक, राष्ट्रपति 22 और 23 अक्टूबर को रायपुर और जगदलपुर में आयोजित अलग-अलग कार्यक्रमों में शामिल होंगी।
22 अक्टूबर को दोपहर 12:45 बजे राष्ट्रपति रायपुर स्थित लोक भवन में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होंगी। यहां पूज्य माता हासी देवी जी के सम्मान में 200 रुपये का स्मारक सिक्का जारी किया जाएगा।
इसके बाद शाम 4 बजे राष्ट्रपति रायपुर के इंडोर स्टेडियम में नुआखाई पर्व के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होंगी। इस दौरान वे ‘सेवा सम्मान पर्व’ और ‘युवा प्रबोधन’ कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगी।
23 अक्टूबर को जगदलपुर जाएंगी राष्ट्रपति
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 23 अक्टूबर को सुबह 11 बजे जगदलपुर स्थित मां दंतेश्वरी मंदिर में पूजा-अर्चना करेंगी। इसके बाद दोपहर 12:45 बजे मुरिया दरबार और बस्तर दशहरा के अवसर पर आयोजित सार्वजनिक कार्यक्रम में शामिल होंगी।
धान खरीदी में गड़बड़ी रोकने के लिए होगी डिजिटल निगरानी
धान खरीदी शुरू होने से पहले सरकार ने भी तैयारियां तेज कर दी हैं। भाजपा विधायक पुरंदर मिश्रा के अनुसार, धान की हेराफेरी और गलत तरीके से परिवहन को रोकने के लिए डिजिटल निगरानी बढ़ाई गई है।
नई व्यवस्था के तहत धान की हर बोरी पर क्यूआर कोड लगाया जाएगा। वहीं, धान का परिवहन करने वाले वाहनों पर जीपीएस के जरिए नजर रखी जाएगी। इससे धान की आवाजाही पर निगरानी रखने में मदद मिलेगी।
राइस मिलों के लिए भी नए नियम
धान की कस्टम मिलिंग के लिए वर्ष 2026-27 की नीति भी जारी कर दी गई है। इसके तहत राइस मिलों को उनकी क्षमता का 75 प्रतिशत ही धान दिया जाएगा। साथ ही, 25 कार्य दिवस के भीतर स्टेक पूरा करना जरूरी होगा। नियमों का पालन नहीं करने पर 10 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से जुर्माना लगाने का प्रावधान बताया गया है।


